उत्तर प्रदेश के आगरा जिले से एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है, जहां सरकारी स्कूल में आयोजित स्वास्थ्य शिविर के दौरान बच्चों को कथित तौर पर एक्सपायरी दवा वितरित कर दी गई। यह दवा Albendazole बताई जा रही है. जिसका उपयोग पेट के कीड़ों को खत्म करने के लिए किया जाता है.
जानकारी के अनुसार. स्कूल में टोरेंट UNM फाउंडेशन की ओर से स्वास्थ्य जांच एवं दवा वितरण शिविर आयोजित किया गया था. इसी दौरान कई बच्चों को Albendazole टैबलेट दी गई। बाद में जब दवा की जांच की गई तो उस पर दर्ज एक्सपायरी डेट को लेकर सवाल उठे, जिसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया.

घटना की जानकारी मिलने के बाद अभिभावकों में चिंता और नाराजगी फैल गई। उनका कहना है कि बच्चों के स्वास्थ्य से जुड़ी ऐसी लापरवाही किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जा सकती। कई अभिभावकों ने मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है.
स्थानीय प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग को मामले की सूचना दिए जाने के बाद जांच शुरू कर दी गई है. अधिकारियों का कहना है कि यदि दवा के एक्सपायर्ड होने की पुष्टि होती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.

विशेषज्ञों का मानना है कि एक्सपायरी दवाओं का सेवन कई बार स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव डाल सकता है। हालांकि किसी भी बच्चे की तबीयत बिगड़ने की आधिकारिक पुष्टि फिलहाल नहीं हुई है, लेकिन एहतियात के तौर पर बच्चों की निगरानी की जा रही है।
यह घटना स्वास्थ्य शिविरों की निगरानी व्यवस्था और दवा वितरण प्रक्रिया पर भी गंभीर सवाल खड़े करती है। अब सभी की निगाहें जांच रिपोर्ट और प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हुई हैं.