उत्तर प्रदेश के मेरठ शहर में आधी रात को वायरल हुए एक वीडियो ने लोगों के बीच सनसनी फैला दी। वीडियो में एक कार का दरवाजा खुला दिखाई दे रहा था और अंदर से महिला के चीखने-चिल्लाने की आवाज सुनाई दे रही थी. वीडियो बनाने वाले व्यक्ति ने इसे "महिला के अपहरण" से जोड़कर सोशल मीडिया पर पोस्ट कर दिया. जिसके बाद मामला तेजी से वायरल हो गया.
वीडियो के वायरल होने के बाद मेरठ पुलिस हरकत में आई और सबसे पहले वीडियो रिकॉर्ड करने वाले व्यक्ति की पहचान की। इसके बाद पुलिस ने कार और उसमें सवार लोगों की तलाश शुरू की। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने शहरभर में लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू की.

जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि कार दिल्ली के जामिया नगर निवासी प्रॉपर्टी डीलर राजा की थी। राजा अपनी पत्नी निशा और दो बच्चों के साथ मेरठ स्थित ससुराल आया हुआ था.पुलिस जांच में सामने आया कि परिवार के साथ खाना खाने के दौरान एक छोटी सी बात को लेकर पति-पत्नी के बीच विवाद शुरू हुआ था.
बताया गया कि निशा की प्लेट में बाल निकल आने के बाद उन्होंने खाना छोड़ दिया। बाद में आइसक्रीम खाते समय दोनों के बीच बहस और बढ़ गई. आरोप है कि विवाद के दौरान राजा ने अपनी पत्नी को थप्पड़ मार दिया. इसके बाद कार में बैठने के दौरान भी दोनों के बीच झगड़ा जारी रहा और इसी दौरान निशा ने कार का दरवाजा खोल दिया. जिससे राहगीरों को मामला संदिग्ध लगा.
पुलिस के अनुसार.राजा बाद में अपनी पत्नी को मेरठ स्थित ससुराल छोड़कर बच्चों के साथ लिसाड़ी गांव में अपनी भतीजी के घर चला गया। जांच में अपहरण जैसी किसी घटना की पुष्टि नहीं हुई.
मेरठ पुलिस ने बताया कि वायरल वीडियो की सच्चाई तक पहुंचने के लिए 100 से अधिक CCTV कैमरों की फुटेज की जांच की गई। जांच पूरी होने के बाद स्पष्ट हुआ कि मामला अपहरण का नहीं बल्कि पारिवारिक विवाद का था.
यह घटना सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली सूचनाओं की सत्यता जांचने की आवश्यकता को भी उजागर करती है. पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी वीडियो या सूचना को साझा करने से पहले उसकी पुष्टि अवश्य करें.